मेरी गर्लफ्रेंड की भयानक चुदाई | Hindi Sex Story

मेरी गर्लफ्रेंड की भयानक चुदाई

मेरी गर्लफ्रेंड की भयानक चुदाई -> हैल्लो दोस्तों, मेरी एक गर्लफ्रेंड है जो दिखने में एकदम मॉडर्न तरह की किसी फिल्म की हिरोइन लगती है, उसका नाम सानीका है और मेरा पूरा कॉलेज उस लड़की के पीछे पड़ा रहता है और कुछ ही दिन पहले वो मेरी गर्लफ्रेंड बनी है। दोस्तों उसके वो बड़े आकार के गोरे बूब्स और गांड को देखकर तो मेरा लंड अचानक से खड़ा हो जाता है। अब मेरा मन करता है कि में उसी समय उसके पास जाकर इसको पकड़कर अपनी बाहों में भर लूँ और उसके साथ वो कर लूँ जो मेरे मन में उस समय चल रहा हो। दोस्तों वो दिखने में बहुत सुंदर गोरी होने के साथ ही उसका व्यहवार भी बहुत अच्छा और वो बहुत ही खुले विचारों की हंसमुख स्वभाव की लड़की थी इसलिए हर कोई उसको पाना चाहता था। एक बार देखते ही हर कोई उसकी तरफ आकर्षित होकर उसकी तरफ खींचा चला जाता था। दोस्तों मेरी उसके साथ दोस्ती होने के बाद हम दोनों एक दूसरे के साथ बहुत समय बिताने बहुत हंसी मजाक करने लगे थे जिसकी वजह से हमारे बीच की दूरियां अब बिल्कुल खत्म होती जा रही थी और वो भी मुझे मन ही मन प्यार करने लगी थी और उसका प्यार उस दिन मुझे पहली बार उसकी चुदाई के समय पता चला।

एक दिन कॉलेज के बाद उसका मेरे घर फोन आया और वो मुझसे कहने लगी कि में आज किसी काम की वजह से कॉलेज नहीं आ सकी तो क्या तुम मुझे आज कॉलेज में जो कुछ भी बताया है वो सब बताने मेरे घर आ सकते हो प्लीज? दोस्तों अब में तो उसको अपनी तरफ से ना तो कहना नहीं चाहता था और इसलिए मैंने उसके मुहं से यह बात सुनकर मन ही मन बहुत खुश होकर उसको तुरंत हाँ कह दिया। तभी वो मुझसे कहने लगी कि तुम वहीं रुको में खुद ही तुम्हारे घर आ जाउंगी और फिर मैंने झट से उसको हाँ कह दिया। अब में मन ही मन में सोचने लगा कि शायद आज ही वो दिन था, जब मेरे मन में चाही हर एक बात होने वाली थी, क्योंकि उस दिन मेरे घर में कोई भी नहीं था। दोस्तों मेरी अच्छी किस्मत से उसने मेरे घर आने का फैसला किया और मेरे घर के सभी सदस्य एक दिन के लिए बाहर गये थे, जिसकी वजह से मेरी खुशी का कोई ठिकाना नहीं था और अब में उसके आने का इंतजार करने हुए सभी तैयारियों को जल्दी से पूरी करने लगा था। फिर करीब दोपहर के तीन बजे वो मेरे घर आ गई और मैंने तुरंत ही जाकर दरवाज़ा खोल दिया और अपने मुस्कुराते हुए चेहरे से मैंने उसका स्वागत करते हुए उसको अंदर आने के लिए कहे बिना देखता ही रहा और में उस समय उसको अपनी चकित आँखों से उसको घूरकर देखते ही रह गया।

दोस्तों मैंने देखा कि उसने एकदम चिपकी हुई जींस और उसके ऊपर लाल रंग का छोटे आकार का टॉप पहना था, जिसकी वजह से मुझे उसका गोरा मुलायम पेट साफ नजर आ रहा था। अब मुझे उसकी ब्रा का थोड़ा सा हिस्सा उसके खुले कंधो से दिख रहा था और तभी उसने मुझसे अंदर आने के लिए पूछा और तब जाकर में अपने होश में आया गया। फिर मैंने उसको कहा कि तुम मुझे माफ करना हाँ तुम अंदर आ जाओ, वो अंदर आ गई और अब उसने मुझसे पूछा क्या कोई भी घर में नहीं है? मैंने कहा कि हाँ घर के सभी लोग आज सुबह ही मेरे चचेरे भाई के पास गये है और में वहाँ पर बोर हो जाता हूँ इसलिए में उनके साथ नहीं गया। फिर हम दोनों मेरे कमरे में चले गये और में उसको हमारे कॉलेज की पढ़ाई के बारे में सब कुछ समझाने लगा, कुछ देर तक में उसको वैसे ही समझाता रहा और फिर वो मुझसे कहने लगी कि वो अब बहुत बोर महसूस कर रही है, अच्छा हुआ आज में कॉलेज नहीं आई वरना में पक ही जाती, तुम्हे बोर महसूस नहीं होता क्या? मैंने उसको कहा कि अब क्या करे पढ़ाई तो पूरी करनी है और वैसे तुम्हारे साथ रहकर मुझे पता ही नहीं चलता कि कब मेरे समय निकल जाता है।

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फिर वो जहाँ पर बैठी हुई थी, वहीं पर में लेट गया और मैंने उसको भी थोड़ा सा आराम करने के लिए लेटने को कहा और वो भी वहीं पर लेट गई। दोस्तों अब हम दोनों एक दूसरे के पास में बड़े आराम से लेटकर बातें करने लगे थे और तभी उसकी नज़र सामने वाली टेबल पर रखी हुई एक सीडी पर पड़ी। फिर वो उसको देखने के लिए उठकर वहाँ गयी और अब में बहुत डर गया था, क्योंकि दोस्तों वो सेक्सी फिल्म की सीडी थी। अब मैंने अपनी दोनों आँखों को बंद कर लिया था और फिर मैंने उसके मुहं से वाह शब्द कहते हुए सुना और उस आवाज को सुनकर तुरंत मैंने अपनी दोनों आँखों को खोल लिया। अब उसने मुझसे कहा कि अच्छा तो तुम भी यह सब देखते हो? आख़िर कोई तो ऐसा है जो मेरी पसंद के काम करता है। फिर मैंने चकित होकर उसको पूछा क्या तुम भी यह सब देखती हो? झट से मुस्कुराते हुए उसने मुझसे कहा कि हाँ मुझे यह सब देखना बहुत पसंद है और मेरे पास तो ऐसी पांच सीडी है। फिर वो उसी समय मेरे पास आकर बैठी और वो मुझसे पूछने लगी क्या तुमने यह सब कभी किसी के साथ किया भी है? मैंने उसको ना कहा और उसको यही सवाल पूछने पर उसने मुझसे भी ना ही कहा।

फिर मैंने धीरे से उसको पूछा क्या तुम मेरे साथ यह सब करना पसंद करोगी? और उसी समय उसने तुरंत ही मेरी तरफ पलटकर देखा और वो कुछ देर मुझे देखती ही रही मैंने मन ही मन डरते हुए सोचा कि यह अब मुझसे गुस्सा होकर मुझे जरुर थप्पड़ मारने वाली है, लेकिन दोस्तों उसका एकदम उल्टा हुआ। अब वो अपनी ऊँची आवाज में मुझसे कहने लगी, क्या तुम पहले यह सब नहीं कह सकते थे? मुझे इतनी देर से बोर कर रहे थे साले बहनचोद। दोस्तों मुझे तो उसके मुहं से वो शब्द और गालियों को सुनकर जैसे एक बड़ा तेज झटका लगा और अब तुरंत ही मेरा लंड तनकर खड़ा हो गया। फिर वो तुरंत ही वापस पलंग पर लेट गई और में झट से उसके ऊपर लेट गया और मेरा लंड का उभरा हुआ हिस्सा जो पेंट के अंदर था उसकी पेंट पर चूत वाले हिस्से पर धीरे से रगड़ना शुरू कर दिया, लेकिन ऐसा करने से मुझे कुछ भी मज़ा नहीं आ रहा था और इसलिए मैंने तुरंत ही अपनी पेंट को उतार दिया और अंडरवियर में खड़ा हो गया। फिर उसने भी मुझे यह सब करता देख अपनी जींस को उतार दिया और अब वो भी अपनी पेंटी में पलंग पर लेट गयी। अब वो मुझे बहुत ही सेक्सी रंडी नजर आ रही थी और में उसका वो बदला हुआ रूप देखकर बड़ा चकित था।

फिर मुझे उस दिन पहली बार पता चला कि वो जितनी कपड़ो में सेक्सी नजर आती थी वो उससे भी ज्यादा बिना कपड़ो के हॉट सेक्सी थी। अब मैंने जोश में आकर अपना लंड उसकी पेंटी पर रगड़ना शुरू कर दिया, जिसकी वजह से अब हम दोनों को थोड़ा सा मज़ा आने लगा था। अब वो भी मेरे लंड को अपनी चूत पर महसूस करके धीरे धीरे आह्ह्ह सईईईइ करके आहे भरने लगी थी। फिर मैंने अपनी बनियान को उतारा और उसके बाद अपनी अंडरवियर को भी उतार दिया और उसको अपने लंड को दिखाते हुए उसके सामने खड़ा हो गया। दोस्तों मेरा खड़ा लंड जो सात इंच लंबा और कड़क होकर झटके देने लगा था, मेरा तना हुआ लंड देखकर तो वो एकदम पागल होकर मेरे ऊपर चढ़ गयी। फिर में वापस बेड पर अपनी पीठ के बल लेट गया और वो मेरे ऊपर बैठकर मुझसे पूछने लगी अबे साले कुत्ते हरामी इतने दिन तक तूने कहाँ छुपाकर रखा था अपना यह अनमोल ख़ज़ाना? और इतना कहते हुए जोश में आकर उसने तुरंत ही अपनी पेंटी और ब्रा को उतारकर दूर फेंक दिया। दोस्तों अब मेरे सामने वो द्रश्य था जिसको देखकर मेरी ऑंखें चकित होकर फटी की फटी रह गई, में उसके वो रसीले बूब्स और गोल गोल गांड को देखने के लिए कब से तरस रहा था और आज मुझे वो सब देखने के लिए ही नहीं बल्कि आज मुझे उस गोरे गदराए बदन के साथ खेलने का मौका भी मिलने वाला था।

दोस्तों इस दिन का मुझे कितने दिनों से इंतजार था? और उस दिन मेरे हाथ वो मौका लगते ही में खुशी से पागल हो चुका था। अब हम दोनों दो चार मिनट तक अपनी जीभ से एक दूसरे के होंठो को चूसते रहे वो मज़े लेकर खुश हो रहे थे और उसके रसभरे होंठो का मज़ा लेने के साथ ही उसके रसीले बूब्स की उठी हुई निप्पल को में अपनी मुठ्ठी में भरकर दबाने लगा था। दोस्तों उसके बूब्स का आकार इतना बड़ा और वो बदन इतना गरम था कि में बता नहीं सकता। मेरे हाथ उसके चिकने बदन को महसूस करके मुझे उत्साहित ही जा रहा था। फिर उसने जोश में आकर मेरा लंड झट से अपने एक हाथ से पकड़ लिया और पूरा ज़ोर लगाकर अपनी चूत के खुले मुहं पर रखकर उसने लंड के ऊपर बैठते हुए उसको अपनी चूत के अंदर डाल लिया। अब मेरा पूरा लंड एक ही बार में पूरा चूत की गहराईयों में डुबकी लगा रहा था और में लेटे हुए ही उसको अपने लंड पर बैठाकर चोदने लगा था। अब वो दर्द की वजह से ज़ोर ज़ोर से चिल्लाने लगी थी और में उसकी कमर को अपने हाथों का सहारा देकर उसको ऊपर नीचे करते हुए अपने लंड से धक्के भी देने लगा था। दोस्तों मुझे उसके साथ यह सब करने में बड़ा मस्त मज़ा और जोश भी आ रहा था।

फिर कुछ देर बाद जब उसका दर्द कम होने के बाद वो आहहह्ह्ह ऊऊहह हाँ हाँ ऐसे ही चोदो मुझे उह्ह्ह हाँ ही वाह मज़ा आ गया, वो आहे भरने लगी थी। अब में भी ज़ोर से आहे भरने लगा था और उस काम का हम दोनों खुश होकर बड़ा मज़ा ले रहे थे। फिर कुछ देर बाद मुझे महसूस होने लगा कि अब मेरा लंड झड़कर उसकी चूत में थूकने वाला है, लेकिन मुझे उसके मुहं में सारा वीर्य निकालना था और इसलिए मैंने उसको इशारा किया। अब वो तुरंत मेरे ऊपर से उतर गई और फिर अपने लंड को उसकी चूत से बाहर निकालकर में ज़ोर से रगड़ने लगा। फिर उसने अपना मुहं पूरा खोलकर मेरा लंड अपने मुहं में भर लिया। अब मैंने हल्के धक्के देकर अपना सारा वीर्य उसके मुहं में डालना शुरू किया। अब उसका मुहं पूरा मेरे लंड के वीर्य से भर गया, लेकिन फिर भी और रस मेरे लंड से निकल रहा था इसलिए वो मैंने थोड़ा सा उसके बालो पर और कूल्हों पर भी निकाल दिया। फिर उसने मुझे चूमते हुए थोड़ा सा वीर्य मेरे मुहं में भी डाल दिया और बचा हुआ वो गटक गई और फिर मैंने वापस उसको चूमते हुए मेरे मुहं का वीर्य उसके मुहं में डालकर उसको पीने को दिया।

फिर कुछ देर के बाद वो मेरा लंड अपनी जीभ से चाटकर साफ करने लगी और उसके बाद मैंने उसकी चूत को भी अपनी जीभ से चाटा और में अपने एक हाथ से उसके बालों को सहलाने लगा, लेकिन उसने मेरा हाथ अपने बालो से हटा दिया और अपने निप्पल को मेरे मुहं में दे दिए और वो मेरे मुहं पर अपने बूब्स को दबाने लगी। अब उसके बूब्स से एकदम मजेदार स्वादिष्ट रस निकलने लगा और में उसको पी गया। फिर थोड़ी देर के बाद हमने दोबारा चुदाई के मज़े लिए और इस बार मैंने उसकी गांड मारी। दोस्तों किसी भी लड़की की गांड मारना एक बहुत ही अच्छा अनुभव होता है। यह बात मुझे पहली बार उसकी गांड मारकर पता चली। फिर में करीब बीस मिनट तक उसकी गांड मारता रहा और उसको पूरी लाल कर दिया और वो दर्द की वजह से ज़ोर ज़ोर से आअहह ऊफ्फ्फ माँ मर गई चिल्लाने लगी थी, लेकिन कुछ देर बाद उसके चिल्लाने के शब्द बदल गए और अब वो हाँ और ज़ोर से धक्के मारो मेरी गांड को और धक्के दो कहने लगी थी। दोस्तों कुछ देर गांड मारने के बाद फिर हम दोनों ने एक दूसरे की जीभ को चूसना शुरू किया और ऐसे ही हम दोनों पूरे पांच घंटे सेक्स करने के बाद बहुत थक चुके थे और फिर मैंने घड़ी की तरफ देखा तो अब रात होने को आई थी।

अब जल्दी से उसने अपने कपड़े पहन लिए और वो खुश होकर मुझसे कहने लगी कि वाह तेरे लंड के साथ खेलकर मज़ा आ गया और अब आगे भी ऐसे ही मज़े लेने के लिए तुम अब मेरे घर आ जाना। हम दोनों वहां पर भी वापस ऐसे ही मज़ा लेंगे। फिर मैंने खुश होकर कहा कि हाँ हाँ क्यों नहीं में तेरे बदन से मज़ा लेने तो ज़रूर चला आऊंगा? बस तू मुझे बता देना मुझे कब तेरी चूत की सेवा करने आना है में तुरंत दौड़ा चला आऊंगा और फिर हम दोनों ने दोबारा चूमना शुरू किया और उसके बाद वो अपने घर चली गयी। दोस्तों यह था मेरा पहला सेक्स अनुभव अपनी गर्लफ्रेंड की कुंवारी चूत को चोदने का वो मज़ा और उसके बाद भी हम दोनों ने कई बार मस्त मज़े लिए और हम अब पहले से भी ज्यादा खुश और पास रहने लगे है ।।

धन्यवाद …

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